ये सच है कि हम लोग बहुत आसानी में रहें…

ye sach hai ki ham log bahut asaani me rahe

ये सच है कि हम लोग बहुत आसानी में रहें पर नाम वही कर गए जो बख्त गिरानी

कभी दादी कभी नानी से अलग कर दिए गए…

kabhi dadi kabhi naani se alag kar diye gaye

कभी दादी कभी नानी से अलग कर दिए गए बच्चे परियों की कहानी से अलग कर दिए गए,

कुछ ख़ुद भी थे अफ़सुर्दा से…

kuch ham bhi the afsurda se kuch log bhi hamse ruth gaye

कुछ ख़ुद भी थे अफ़सुर्दा से कुछ लोग भी हमसे रूठ गए, कुछ ख़ुद भी ज़ख्म के आदी

काम इस दिल की तबाही से लिया क्या जाए…

kaam is dil ki tabahi se kya liya jaaye

काम इस दिल की तबाही से लिया क्या जाए सोचता हूँ कि ख़राबे में किया क्या जाए ?

इश्क़ सहरा है कि दरियाँ कभी सोचा तुमने…

adhure khwabo ki anokhi

इश्क़ सहरा है कि दरियाँ कभी सोचा तुमने तुझसे क्या है मेरा नाता कभी सोचा तुमने ? हाँ

दोस्तों ! आज दिल में छुपे कुछ राज़ बयाँ करता हूँ…

dil me chupe kuch raaj bayan karta hoo

दोस्तों ! आज मैं दिल में छुपे कुछ राज़ बयाँ करता हूँ दुःख से जुड़े ग़ुरबत के दिनों

वो मुहब्बत गई वो फ़साने गए…

wo muhabbat gayi wo fasane gaye

वो मुहब्बत गई वो फ़साने गए जो खज़ाने थे अपने खज़ाने गए, चाहतो का वो दिलकश ज़माना गया

दिल जब घबराये तो ख़ुद को एक क़िस्सा सुना देना…

dil jab ghabraye to khud ko ek qissa suna dena

दिल जब घबराये तो ख़ुद को एक क़िस्सा सुना देना ज़िन्दगी कितनी भी मुश्किल क्यूँ ना हो मुस्कुरा

तस्वीर का रुख एक नहीं दूसरा भी है…

tasvir ka rukh ek nahi dusra bhi hai

तस्वीर का रुख एक नहीं दूसरा भी है खैरात जो देता है वही लूटता भी है, ईमान को

यही कम नहीं है ज़िन्दगी के लिए…

yahi kam nahi hai zindagi ke liye

यही कम नहीं है ज़िन्दगी के लिए यहाँ चैन मिल जाए दो घड़ी के लिए, दिल ए ज़ार