नहीं ऐसे किसी को तड़पाना चाहिए…

Bazmeshayari_512X512

भूल पाते हम नहीं गुज़रा ज़माना चाहकर भीया खुदा नहीं ऐसे किसी को तड़पाना चाहिए, संगदिलो में भी

रहा हूँ दुश्मनों में ख़ुश हमेशा….

Bazmeshayari_512X512

मुझे अपनों में उलझन ही रही हैरहा हूँ दुश्मनों में ख़ुश हमेशा, है इनकी इस अदा पे जान

फ़ासले क़ुर्ब की पहचान हुआ करते है…

Bazmeshayari_512X512

फ़ासले क़ुर्ब की पहचान हुआ करते हैबेसबब लोग परेशान हुआ करते है, ये हकीक़त है जहाँ टूट के

नींद ना आये फूलो पे, काँटो पे सोना पड़ता है…

नींद ना आये फूलो

यहाँ पल पल चलना पड़ता हैहर रंग में ढलना पड़ता है, हर मोड़ पे ठोकर लगती हैहर हाल

सर रख कर रोने को शाना चाहिए था…

Bazmeshayari_512X512

सर रख कर रोने को शाना चाहिए थामैं तन्हा था तुझको आना चाहिए था, आज मैं आया था

जिस शेर का उन्वान मुहब्बत थी, वो तुम थे…

Bazmeshayari_512X512

जिस शेर का उन्वान मुहब्बत थी, वो तुम थेजिस दर्द का दरमान मुहब्बत थी, वो तुम थे, रंगीन

चाहा है तुझे मैंने तेरी ज़ात से हट कर…

Bazmeshayari_512X512

चाहा है तुझे मैंने तेरी ज़ात से हट करइस बार खड़ा हूँ मैं रवायात से हट कर, तुम

तुझे ना आयेगी मुफ़लिस की मुश्किलात समझ..

Bazmeshayari_512X512

तुझे ना आयेगी मुफ़लिस की मुश्किलात समझमैं छोटे लोगो के घर का बड़ा हूँ, बात समझ, मेरे अलावा

हमको आना ही पड़ा परदेश कमाने के लिए…

Bazmeshayari_512X512

राह से हिज़्र की दीवार हटाने के लिएहाथ भी जोड़े उसको मनाने के लिए, अपनी खातिर तो कभी

फिर यूँ हुआ कि रास्ते यकज़ा नहीं रहे…

फिर यूँ हुआ कि

फिर यूँ हुआ कि रास्ते यकज़ा नहीं रहेवो भी अना परस्त था मैं भी अना परस्त, फिर यूँ