एक तो नैनाँ कजरारे और तिस पर डूबे काजल में

ek to naina kajrare

एक तो नैनाँ कजरारे और तिस पर डूबे काजल में बिजली की बढ़ जाए चमक कुछ और भी

मुझे मालूम है मैं सारी दुनिया की अमानत हूँ

mujhe malum hai main

मुझे मालूम है मैं सारी दुनिया की अमानत हूँ मगर वो लम्हा जब मैं सिर्फ़ अपना हो सा

तमाम उम्र अज़ाबों का सिलसिला तो रहा

tamam umr azaabon ka

तमाम उम्र अज़ाबों का सिलसिला तो रहा ये कम नहीं हमें जीने का हौसला तो रहा, गुज़र ही

वो लोग ही हर दौर में महबूब रहे हैं

wo log hi har

वो लोग ही हर दौर में महबूब रहे हैं जो इश्क़ में तालिब नहीं मतलूब रहे हैं, तूफ़ान

सुब्ह के दर्द को रातों की जलन को भूलें

subah ke dard ko

सुब्ह के दर्द को रातों की जलन को भूलें किस के घर जाएँ कि इस वादा शिकन को

बेकसी हद से जब गुज़र जाए

bekasi had se jab

बेकसी हद से जब गुज़र जाए कोई ऐ दिल जिए की मर जाए, ज़िंदगी से कहो दुल्हन बन

मौज ए गुल मौज ए सबा मौज ए सहर लगती है

mauj e gul mauj

मौज ए गुल मौज ए सबा मौज ए सहर लगती है सर से पा तक वो समाँ है

मुद्दत हुई उस जान ए हया ने हमसे ये इक़रार किया

muddat hui us jaan

मुद्दत हुई उस जान ए हया ने हमसे ये इक़रार किया जितने भी बदनाम हुए हम उतना उसने

दीदा ओ दिल में कोई हुस्न बिखरता ही रहा

dida o dil me

दीदा ओ दिल में कोई हुस्न बिखरता ही रहा लाख पर्दों में छुपा कोई सँवरता ही रहा, रौशनी

लाख आवारा सही शहरों के फ़ुटपाथों पे हम

laakh aawara sahi shahron

लाख आवारा सही शहरों के फ़ुटपाथों पे हम लाश ये किस की लिए फिरते हैं इन हाथों पे